श्रीनगर , दिसंबर 10 -- जम्मू-कश्मीर पुलिस की अपराध शाखा की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने श्रीनगर के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के सामने ज़मीन धोखाधड़ी मामले में चार आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया1 इस मामले में जाली ज़मीन के दस्तावेज़ और खरीदारों के साथ धोखाधड़ी शामिल है।

अधिकारियों ने बुधवार का यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आईपीसी की विभिन्न धाराओं और 120-बी के तहत शब्बीर अहमद गनी, बशीर अहमद गनी, जावेद अहमद हकाक (तत्कालीन पटवारी), और एक अन्य पटवारी के खिलाफ इस वर्ष दर्ज प्राथमिकी में यह आरोपपत्र दाखिल किया गया है, जिनकी अब मौत हो चुकी है।

यह मामला हाउसिंग कॉलोनी बेमिना श्रीनगर के कई पीड़ितों की संयुक्त शिकायत से जुड़ा है, जिन्हें दलालों के ज़रिए आठ कनाल ज़मीन खरीदने में धोखा दिया गया था।

ईओडब्ल्यू ने कहा ''इसमें से चार कनाल ज़मीन खसरा नंबर 92 के तहत एक शिकायतकर्ता के नाम पर स्थानांतरित दिखाई गई, दो कनाल खसरा नंबर 99 के तहत दूसरे के नाम पर और बाकी दो कनाल तीसरे शिकायतकर्ता के पिता के नाम पर स्थानांतरित दिखाई गयी। इन कथित स्थानांतरण के बावजूद कोई वैध दस्तावेज़ नहीं दिए गए। बाद में जांच में पता चला कि दलालों द्वारा बताए गए नामांतरण नंबर जाली और मनगढ़ंत थे।''ईओडब्ल्यू श्रीनगर में जांच में पाया गया कि आरोपियों ने मिलकर नकली ज़मीन के रिकॉर्ड तैयार किए थे और खरीदारों को यह विश्वास दिलाया कि लेन-देन असली हैं, जिससे उन्होंने उनसे 25 लाख रुपये ऐंठ लिए।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित