नयी दिल्ली , अप्रैल 08 -- आम आदमी पार्टी(आप) ने पश्चिम बंगाल चुनाव को लेकर चुनाव आयोग के ट्वीट की भाषा पर आज कड़ी आपत्ति जताई है।
आप के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल समेत अन्य नेताओं का कहना है कि चुनाव आयोग के ट्वीट की भाषा से साफ हो गया है कि वह पूरी तरह भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के इशारों पर काम कर रहा है। चुनाव आयोग के ट्वीट को साझा कर श्री केजरीवाल ने कहा कि अब ये कहने की भी ज़रूरत नहीं है कि चुनाव आयोग सीधे भाजपा से निर्देश लेकर और भाजपा के इशारों पर काम कर रहा है। ये अब जग ज़ाहिर हो चुका है, जो कि बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने चुनाव आयोग से अपील करते हुए कहा कि कम से कम इस तरह की भाषा में ट्वीट करके इतनी महत्वपूर्ण संस्था की प्रतिष्ठा को सार्वजनिक रूप से धूमिल न करें।
आप के वरिष्ठ नेता एवं पंजाब के प्रभारी मनीष सिसोदिया ने कहा कि ऐसे चुनाव आयोग पर धिक्कार है जो खुलेआम भाजपा प्रचारक की तरह प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहा है। इस व्यक्ति ने संविधान और लोकतंत्र की हत्या करने का ठेका ले लिया है।
पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनुराग ढांडा ने कहा, "चुनाव आयोग ने जिस तरह से जवाब दिया है, वह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है। चुनाव आयोग का एक्स हैंडल देखकर मुझे एक पल के लिए लगा कि शायद यह हैंडल हैक हो गया है। ऐसा लगा कि किसी ने इसे फर्जी तरीके से हैक करके इस पर पोस्ट कर दिया है, क्योंकि वह भाषा किसी भी तरह से चुनाव आयोग की नहीं लग रही थी।" उन्होंने कहा कि किसी पार्टी के प्रति इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करना कि 'टीएमसी के लोगों को चुनाव आयोग की तरफ से दो टूक जवाब' बिल्कुल अनुचित है। चुनाव आयोग कोई भाजपा या राजनीतिक दल नहीं है, जो टीएमसी के खिलाफ चुनाव लड़ रहा हो। 'दो टूक जवाब' जैसी भाषा का इस्तेमाल संवैधानिक पद पर बैठे हुए उन व्यक्तियों को शोभा नहीं देता, जिनकी जिम्मेदारी पूरे देश में निष्पक्ष चुनाव कराने की है। क्या उनकी भाषा इस तरह की होनी चाहिए?श्री ढांडा ने कहा कि या फिर चुनाव आयोग पूरे देश के सामने यह स्पष्ट करना चाहता है कि उनके एक पत्र के ऊपर भाजपा का जो ठप्पा लगा हुआ था, वह कोई लिपिकीय भूल नहीं थी। वे वास्तव में भाजपा की मुहर लगाकर ही चुनाव आयोग के फैसले लेते हैं।
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