विजयवाड़ा , जनवरी 22 -- आंध्र प्रदेश के मुख्य सचिव के विजयानंद ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि राज्यभर में विभिन्न महत्वपूर्ण चौराहों, उच्च यातायात क्षेत्रों और अन्य स्थानों पर स्थापित सभी 14,000 सीसीटीवी कैमरे सही ढंग से काम करें।

मुख्य सचिव ने गुरुवार को सचिवालय से जिला कलेक्टरों के साथ सीसीटीवी परियोजना पर एक वीडियो कॉन्फ्रेंस आयोजित की। सरकार ने पूरे राज्य में एक लाख सीसीटीवी कैमरे लगाने का लक्ष्य रखा है और पहले से ही 14,000 से अधिक कैमरे स्थापित किए जा चुके हैं।

मुख्य सचिव ने कहा कि पुलिस विभिन्न क्षेत्रों में इन निगरानी कैमरों की मदद से जटिल अपराधों को पहले ही सुलझा रही है और सरकार ने पूरे राज्य को निगरानी के तहत लाने के लिए कदम उठाये हैं। उन्होंने बताया कि पूरे राज्य में कानून-व्यवस्था बनाये रखने, खासकर अपराधों को नियंत्रित करने, यातायात को विनियमित करने और यातायात नियमों के उल्लंघन को रोकने के लिए सीसीटीवी कैमरों को रियल-टाइम गवर्नेंस सेंटर से जोड़कर लगातार निगरानी की जा रही है।

मुख्य सचिव ने कलेक्टरों से कहा कि वे सुनिश्चित करें कि जिलों में स्थापित सभी सीसीटीवी कैमरे सही तरीके से काम करें और बिजली से संबंधित समस्याओं को तुरंत हल किया जाए। प्रमुख सचिव नगर प्रशासन एस सुरेश कुमार ने बताया कि उन्होंने विभिन्न शहरी क्षेत्रों में 123 सीसीटीवी कैमरों की पहचान की है, जो काम नहीं कर रहे थे और तकनीकी खामियों को ठीक करने के लिए कदम उठाये जा चुके हैं। प्रमुख सचिव ने मुख्य सचिव को बताया, "अतिरिक्त 188 नये चौराहों की पहचान की गयी है और वहां सीसीटीवी कैमरे लगाने का काम एक एजेंसी को सौंपा गया है, जो नियमित रूप से जिला कलेक्टरों के साथ इस मामले की समीक्षा करती है।"आरटीजीएस की पदेन संयुक्त सचिव मल्लिका गर्ग ने बताया कि वर्तमान में राज्य भर में 14,000 से अधिक सीसीटीवी कैमरे स्थापित किये जा चुके हैं और इन सभी की आरटीजीएस से जोड़कर लगातार निगरानी की जा रही है।

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