कोलकाता , फरवरी 01 -- प्रसिद्ध अर्थशास्त्री और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार तथा राज्य वित्त विभाग के वरिष्ठ अधिकारी अमित मित्रा ने केंद्रीय बजट की आलोचना करते हुए इसे गरीबों, किसानों और मध्यम वर्ग के लिए नुकसानदायक बताया और एक दशक में सामाजिक क्षेत्रों के खर्च में बड़ी कटौती की ओर इशारा किया।
श्री मित्रा ने एक संवाददाता सम्मेलन में किसानों, युवाओं और हाशिए पर पड़े समुदायों के लिए महत्वपूर्ण क्षेत्रों में साल-दर-साल आवंटन में लगातार कमी आने का जिक्र किया और आरोप लगाया कि बजट दस्तावेजों में दिखाए गए आंकड़े जमीनी स्तर पर साकार नहीं होते। श्री मित्रा ने शिक्षा का जिक्र करते हुए कहा कि इस क्षेत्र में सरकारी खर्च वैश्विक स्तर पर स्वीकार्य बेंचमार्क की ओर बढ़ने की बजाय लगातार कम हुआ है। उन्होंने कहा कि शिक्षा पर खर्च कुल सरकारी खर्च का लगभग 5-6 प्रतिशत होना चाहिए लेकिन यह 2015-16 में 3.8 प्रतिशत से घटकर नवीनतम बजट अनुमानों में लगभग 2.6 प्रतिशत हो गया है।
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