इटानगर , दिसंबर 23 -- अरुणाचल प्रदेश सरकार ने भविष्य के लिए तैयार डिजिटल कौशल विकसित करने की दिशा में अहम कदम उठाया है। उसने आईआईटी दिल्ली के प्रौद्योगिकी नवाचार केंद्र के समर्थन से रैंचोवेशन लैब्स प्राइवेट लिमिटेड के साथ मिलकर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और मशीन लर्निंग (एमएल) कौशल विकास कार्यक्रम शुरू किया है।

मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने इस पहल की घोषणा करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने रैंचोवेशन लैब्स के साथ एक समझौता (एमओयू) किया है, ताकि अरुणाचल प्रदेश के विद्यालय, महाविद्यालय के छात्र, स्नातक और प्रदेश के युवाओं को व्यावहारिक एआई-एमएल प्रशिक्षण प्रदान किया जा सके।

इसके तहत दो प्रशिक्षण ट्रैक शुरू किये गये हैं। कॉलेज के छात्रों, स्नातकों और युवाओं के लिए 60 घंटे का 'एआई जॉब-रेडी कार्यक्रम' तैयार किया गया है, जो एआई के मूल तत्वों, मशीन लर्निंग, डेटा विश्लेषण और विज़ुअलाइज़ेशन, एआई के लिए पायथन प्रोग्रामिंग, रियल-वर्ल्ड प्रोजेक्ट परियोजना विकास और करियर की तैयारी शामिल है। इसमें रिज्यूमे बनाना और इंटर्नशिप समर्थन भी शामिल है।

यह कार्यक्रम इटानगर में रोजाना दो घंटे के ऑफलाइन सत्र में आयोजित होगा। सरकार की ओर से पूरी तरह वित्त पोषित प्रशिक्षण की अवधि पांच-छह सप्ताह की होगी।

इसके अलावा कक्षा 6-12 के छात्रों के लिये पांच दिन का 'एआई एक्सप्लोरर बूटकैम्प' आयोजित किया जायेगा। इसका उद्देश्य युवाओं को एआई के मूलभूत तत्वों को परस्पर संवाद के जरिये बताया जायेगा। यह बूटकैंप छात्रों को यह समझने में मदद करेगा कि एआई कैसे काम करता है, मशीनें कैसे सीखती हैं। इस दौरान प्रॉम्प्ट इंजीनियरिंग की बुनियादी बातें और मिनी एआई प्रोजेक्ट के जरिये रचनात्मकता को प्रोत्साहित किया जाएगा।

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