रायगढ़ , मार्च 12 -- छत्तीसगढ में रायगढ़ जिले के गेजामुड़ा गांव में अडानी कंपनी की प्रस्तावित रेल लाइन को लेकर भू-प्रभावित किसानों का विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। गुरुवार को आंदोलन की स्थिति को देखते हुए पुलिस की टीम गांव पहुंची।
मौके पर पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) शुशांतो बेनर्जी कोतरा रोड थाना प्रभारी के साथ लगभग 24 पुलिसकर्मियों के साथ मौजूद रहे। पुलिस की मौजूदगी में ग्रामीणों और प्रशासन के बीच बातचीत का प्रयास किया गया।
जानकारी के अनुसार, थाना प्रभारी के बुलावे पर आंदोलनरत कुछ ग्रामीण चर्चा के लिए कोतरा रोड थाना रवाना हुए। गांव में पिछले तीन महीनों से किसान रेल लाइन निर्माण के लिए अधिग्रहित की गई जमीन के बदले उचित मुआवजे की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि रेल लाइन परियोजना के लिए उनकी जमीन अधिग्रहित कर ली गई है लेकिन अब तक उन्हें उचित मुआवजा नहीं मिला है। इसी मांग को लेकर किसान लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं और जब तक न्यायसंगत मुआवजा नहीं मिलेगा, तब तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दे रहे हैं।
वहीं ग्रामीणों के कड़े विरोध के कारण प्रशासन फिलहाल पीछे हटते पर नजर आ रहा है। प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से मामले को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने के प्रयास किए जा रहे हैं।
गौरतलब है कि गेजामुड़ा के किसान पिछले करीब तीन महीनों से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि जब तक उनकी जमीन का उचित मुआवजा नहीं दिया जाता, तब तक वे रेल लाइन के निर्माण कार्य का विरोध जारी रखेंगे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित