नई दिल्ली, जुलाई 8 -- हिंदू धर्म में प्रदोष व्रत का खास महत्व है। हर महीने की त्रयोदशी तिथि को यह व्रत रखा जाता है। आज आषाढ़ मास की त्रयोदशी तिथि है, जो 12.39 मिनट रात तक रहेगी, इसके बाद चतुर्दशी तिथि लग जाएगी। आपको बता दें कि जिस दिन यह व्रत पड़ता है, उसके हिसाब से ही इस व्रत का नाम होता है। इस बार यह मंगलवार को पड़ रहा है, तो इसे भौम प्रदोष व्रत कहते हैं। इस दिन शाम के समय प्रदोष काल में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा की जाती है। इस सप्ताह से सावन का पावन मास भी शुरू हो रहा है। इससे पहले गुरु पूर्णिमा का पर्व 10 जुलाई को है, जिसमें गुरु की पूजा और गुरु से आशीर्वाद लिया जाता है। 11 जुलाई को सावन प्रतिपदा से सावन का महीना शुरू हो जाएगा। आपको बता दें कि सावन का महीना इस बार पंचक के साथ शुरू होगा। 08 जुलाई (मंगलवार) : आषाढ़ शुक्ल त्रयोदश...
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