नई दिल्ली, जनवरी 14 -- मकर संक्रांति के दिन भगवान भास्कर 14 जनवरी की रात 9:19 बजे मकर राशि में प्रवेश करेंगे। इसके साथ ही सूर्य उत्तरायण हो जाएंगे और खरमास की भी समाप्ति हो जाएगी। मकर संक्रांति (खिचड़ी) के दिन इस दिन कुलदेवता को काले तिल, अक्षत और गुड़ का भोग लगाया जाएगा। तिलकुट के साथ दही-चूड़ा खाने की परंपरा का भी लोग निर्वाह करेंगे। मकर संक्रांति को खिचड़ी का पर्व भी कहा जाता है। इस दिन लोग दान-पुण्य व पूजा-पाठ करते हैं और भगवान सूर्य को अर्घ्य देते हैं। इतना ही नहीं मकर संक्रांति पर लोग अपनों को शुभकामनाएं भी भेजते हैं। आप भी इन चुनिंदा संदेशों से अपनों को भेज सकते हैं मकर संक्रांति की बधाई- पतंगों से सजा है आकाश, संग लाई है मकर संक्रांति खास।मकर संक्रांति की शुभकामनाएं 2026 तिल का स्वाद और गुड़ की मिठास, मकर संक्रांति पर बढ़ाएं अपनाप...
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