नई दिल्ली, दिसम्बर 14 -- Amavasya 2026 : हिंदू धर्म में अमावस्या केवल एक तिथि नहीं, बल्कि आत्मिक शुद्धि और पितृ स्मरण का विशेष अवसर मानी जाती है। यह वह दिन है जब चंद्रमा आकाश में दिखाई नहीं देता और माना जाता है कि इसी समय मन और आत्मा को नकारात्मक ऊर्जा से मुक्त करने का श्रेष्ठ योग बनता है। अमावस्या पर जहां शुभ और मांगलिक कार्यों से दूरी बनाई जाती है, वहीं श्राद्ध, तर्पण, दान और ध्यान जैसे कर्मों को अत्यंत फलदायी माना गया है।Amavasya 2026 : अमावस्या कैसे तय होती है अमावस्या हर महीने एक बार आती है और इसकी गणना चंद्र पंचांग के अनुसार की जाती है। जिस दिन सूर्य और चंद्रमा एक ही राशि में होते हैं, उस दिन अमावस्या तिथि मानी जाती है। इसी आधार पर हर महीने अलग-अलग नामों से अमावस्या जानी जाती है, जैसे चैत्र अमावस्या, वैशाख अमावस्या, कार्तिक अमावस्या...