नई दिल्ली, अक्टूबर 13 -- Tara uday time Today: आज अहोई अष्टमी है। आज के दिन बहुत ही फलदायी नक्षत्र पुष्य नक्षत्र लग रहा है और अमृत सिद्धि योग भी है जो अति शुभकारक है। यह व्रत माताएं पुत्रों की सलामती के लिए रखती हैं। अहोई अष्टमी उसी दिन मनाई जाती है आठ दिन बाद जिस दिन दीवाली होती है। इस दिन अहोई माता से अपनी संतान की दीर्घ आयु की कामना करती है, पूरे दिन निर्जला रहकर व्रत करती हैं। इसकी कहानी एक स्याहू माता से जुड़ी है। खासकर संतान से जुड़े इस व्रत के कारण एमपी, यूपी, बिहार, झारखंड आदि जगहों पर अहोई अष्टमी का पर्व मनाया जाता है। इस दिन कथा पढ़ते समय अपने बच्चों को भी पास बैठाएं। कहीं लोग तारा उदय होने पर व्रत का पारण हैं, तो कुछ लोग चंद्र उदय देखकर भी पारण करते हैं। अधिकतर जगह तारों की छांव में ही कहानी कहते हैं, मतलब शाम को कहानी सुनते है...
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