नई दिल्ली, फरवरी 18 -- चीन का ऑटोमोबाइल मार्केट काफी इनोवेटिव माना जाता है। यहां पर बैटरी के साथ कार में मिलने वाली टेक्नोलॉजी भी बेहद शानदार हैं। हालांकि, इन्हें टेक्नोनॉजी की वजह से की बार संकट भी खड़ा हो जाता है। दरअसल, चीन के सुप्रीम पीपुल्स कोर्ट (SPC) ने एक अहम मामले में फैसला सुनाया है कि गाड़ी चलाते समय सभी नतीजों के लिए ह्यूमन ड्राइवर ही जिम्मेदार होगा। यह फैसला उन कारों पर लागू होता है जिनमें L1 या L2 ADAS सिस्टम लगे होते हैं। कोर्ट ने फैसला सुनाया है कि ह्यूमन ड्राइवर ही प्राइमरी ऑपरेटर है। कानून के तहत ADAS सिस्टम को रिप्लेसमेंट नहीं माना जा सकता।ADAS डिपेंडेंसी के लिए चीट डिवाइस का यूज चीन के टॉप कोर्ट का यह फैसला उन कई मामलों का जवाब है जहां यूजर्स ADAS सिस्टम का गलत इस्तेमाल करते पाए गए थे। ऐसे ही एक सनसनीखेज मामले में झेजि...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.