हरिद्वार, नवम्बर 15 -- गैंडीखाता स्थित मातृ एवं शिशु कल्याण केंद्र में पिछले आठ माह से एएनएम की तैनाती नहीं होने से क्षेत्र की करीब 15 हजार की आबादी गंभीर परेशानी झेल रही है। नवजात बच्चों का समय पर टीकाकरण न हो पाने से जच्चा और बच्चा दोनों की सेहत पर खतरा मंडरा रहा है। विभागीय लापरवाही का आलम यह है कि डेढ़ माह में लगने वाले खसरा, बीसीजी और अन्य अनिवार्य टीके छह माह बाद लगाए गए, जिससे ग्रामीणों में रोष है।
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