नई दिल्ली, जून 25 -- मौसम का मिजाज समझना अब और आसान हो गया है। आईआईटी दिल्ली की दो ताजा रिसर्च ने दिखाया है कि कैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI भारत में मौसम पूर्वानुमान को नई ऊंचाइयों पर ले जा सकता है। मॉनसून की भविष्यवाणी से लेकर चक्रवातों की ट्रैकिंग तक, AI ने तेजी, सटीकता और किफायत के नए मानदंड स्थापित किए हैं।मॉनसून का मूड 18 दिन पहले पढ़ लेगा एआई आईआईटी दिल्ली के शोधकर्ताओं ने एक ऐसा एआई मॉडल तैयार किया है, जो मॉनसून की चाल को 18 दिन पहले ही भांप लेता है। यह काम मौजूदा मौसम मॉडल्स के लिए किसी चुनौती से कम नहीं था। डॉक्टरल कैंडिडेट केएम अनिरुद्ध ने प्रोफेसर संदीप सुकुमारन और हरिप्रसाद कोडमाना के मार्गदर्शन में ट्रांसफॉर्मर न्यूरल नेटवर्क का इस्तेमाल किया। वही तकनीक, जो ChatGPT जैसे सिस्टम्स को पावर देती है। 25 साल के हाई-रेजोल्यूश...
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