रामपुर, नवम्बर 28 -- 134 तारीख...पांच गवाह फिर भी अभियोजन आरोप साबित करने में नाकाम रहा। नतीजतन, 66 पन्नों में दिए कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि दोनों पक्षों को सुनने और साक्ष्यों को देखने के आधार पर आरोपों की पुष्टि नहीं हो रही है। अत: केस में आरोपी को दोषमुक्त किया जाता है। सपा से राज्यसभा सदस्य रहे ठाकुर अमर सिंह ने 2020 में आजम खां के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। जिसका ट्रायल एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट कोर्ट में चला था। इस केस में अब तक 134 तारीखें पड़ीं। कोर्ट के फैसले को देखें तो अभियोजन पक्ष की ओर से पांच गवाह भी पेश किए गए लेकिन, इन गवाहों के सीआरपीसी की धारा-161 के तहत विवेचक ने बयान नहीं लिए। इतना ही नहीं वादी अमर सिंह तक के बयान भी 161 सीआरपीसी के तहत नहीं लिए गए। विवेचक की लापरवाही का लाभ बचाव पक्ष को मिला। नतीजा यह रहा कि साक्ष्यों...