नई दिल्ली, अप्रैल 21 -- कानूनी तौर पर न्याय दिलाने और तब तक आरोपी से गवाह और पीड़ित को सुरक्षित रखने जैसी कहानी पुरानी फिल्मों में दिखाई जाती थी लेकिन चेन्नई में एक बलात्कार के केस में यह बात हकीकत हो गई। चेन्नई के एक कोर्ट में दस साल पहले हुए बलात्कार के मामले की सुनवाई चल रही थी, तभी दस साल से गायब पीड़ित लड़की वहां पहुंची और 12 साल की उम्र में अपने साथ हुई दरिंदगी की कहानी बयान की। पीड़िता द्वारा की गई पहचान के आधार पर कोर्ट ने आरोपी को आजीवन उम्रकैद की सजा सुनाई है। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक यह पूरी घटना 2015 में हुई थी। 12 साल की लड़की चेन्नई में अपने परिवार के साथ किराये के मकान में रहती थी। इसी दौरान उनके मकान मालिक के 41 वर्षीय दामाद की उसके ऊपर गलत निगाह पड़ती है। 7 फरवरी 2015 को वह लड़की को अगवा कर लेता है और अपने स...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.