वाराणसी, फरवरी 8 -- वाराणसी। उपन्यास सम्राट प्रेमचंद की जन्मस्थली स्मारक लमही में प्रेमचंद मार्गदर्शन केंद्र ट्रस्ट की ओर से आयोजित 'सुनो मैं प्रेमचंद' कार्यक्रम के 1819वें दिवस पर प्रेमचंद की कहानी लाग-डाट का पाठन वरिष्ठ साहित्यकार और कवि सिद्धनाथ शर्मा सिद्ध ने किया। इस अवसर पर प्रो. श्रद्धानंद ने कहा कि प्रेमचंद की कहानियां समाज के नैतिक द्वंद्व और सत्ता संरचना को उजागर करती हैं। पाठक का सम्मान प्रो. श्रद्धानंद, डॉ. राम सुधार सिंह, डॉ. विजेंद्र तिवारी, निदेशक राजीव गोंड ने किया। संचालन मनोज विश्वकर्मा, स्वागत वाचस्पति चतुर्वेदी एवं धन्यवाद ज्ञापन रोहित गुप्ता ने किया।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.