प्रयागराज, फरवरी 23 -- महाकुम्भ नगर। महाकुम्भ में संगम स्नान करने वाले श्रद्धालुओं की सेहत का बैक्टीरियोफेज सुरक्षा कवच है। यह इतना ताकतवर है कि गंगा में स्नान करने वाले को लोगों को हानिकारक बैक्टीरिया को नष्ट कर देता है। खास बात यह है कि गंगा में लोगों के स्वास्थ्य को हानि पहुंचाने वाले बैक्टीरिया को मानकर यह स्वत विलुप्त हो जाता है। गंगा की गुणवत्ता पर लगातार शोध कर रहे मोती वैज्ञानिक पद्मश्री डॉ. अजय सोनकर ने बैक्टीरियोफेज की विशेषता पर कहा कि गंगा दुनिया की इकलौती मीठे जल वाली नदी है। बैक्टीरियोफेज गंगा के हानिकारक बैक्टीरिया से 50 गुना छोटा है, लेकिन इसकी ताकत 50 गुना अधिक है। अत्यंत सूक्ष्म आकार का बैक्टीरियोफेज हानिकार बैक्टीरिया का आरएनए (राइबोज़ न्यूक्लिक अम्ल) को बदल देता है। गंगा में रोगाणु बैक्टीरिया से लोगों को बचाने वाला बैक...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.