नई दिल्ली, अगस्त 9 -- राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ प्रमुख मोहन भागवत ने दुनिया में भारत के विश्व गुरु कहे जाने को लेकर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि विश्व भारत को उसके अध्यात्म के लिए महत्व देती है और इस क्षेत्र में देश को विश्व गुरु मानता है, बजाय इसके कि वह इस बात से आश्चर्यचकित हो कि हमारी अर्थव्यवस्था कितनी तेजी से बढ़ रही है। एक मंदिर निर्माण कार्यक्रम में लोगों को संबोधित कर रहे भागवत ने कहा कि सभी के साथ अच्छाई बांटने और दूसरों के लिए जीने भी भावना ही भारत को सचमुच में महान बनाती है। उन्होंने अपनी बात पर जोर देते हुए कहा, "अगर हम 3000 अरब अमेरिकी डॉलर की अर्थव्यवस्था बन भी जाएं तो दुनिया को इससे कोई आश्चर्य नहीं होगा, क्योंकि कई देश हैं जिन्होंने यह उपलब्धि हासिल की है। अमेरिका अमीर है, चीन अमीर हो गया है और कई अमीर देश हैं। कई चीजें ऐस...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.