बेगुसराय, फरवरी 5 -- बरौनी, निज संवाददाता। गांव में काम नहीं मिलने से होली पर्व नजदीक होने के बाबजूद दूसरे राज्यों के महानगरो में रोजी रोटी की तलाश में मजदूर परिवार पलायन कर रहे है। या यूं कहें कि इन मजदूरों के समक्ष होली का रंग फीका पड़ गया है। इन मजदूरों में नावालिग बच्चे भी शामिल है। इन मजदूरों को एकत्र करने का जिम्मा बिचौलिये ले रहे है। और इसके एवज में उन्हे कमिशन मिल रहा है।गुरुवार को बरौनी जंक्शन से होकर गुजरने वाली 12553 वैशाली एक्सप्रेस में स्लीपर कोच में पांव रखने की जगह नहीं दिखी तो जेनरल कोच की बात करनी भी बेमानी होगी। सहरसा से खुलने वाली इस ट्रेन के बरौनी स्टेशन पहुंचते ही यात्रियों की इतनी भीड़ बढ़ गई कि बरौनी से जेनरल टिकट लेकर यात्रा करने वाले दर्जनों यात्री यात्रा करने से वंचित रह गए। इग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति यह है कि हर...
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