लखनऊ, अप्रैल 28 -- लखनऊ, कार्यालय संवाददाता मंचकृति समिति की ओर से चल रहे 17 दिवसीय नाट्य समारोह के तहत सोमवार को तीन कहानियों को मंच पर पेश किया गया। संत गाडगे जी महाराज प्रेक्षागृह में अलका प्रमोद की लिखी कहानी होर्डिंग का चित्र का मंचन हुआ। इसके बाद शिखा सक्सेना की कहानी शाम किनारे और अंत में स्वर्गीय शांति देव बाला की रची कहानी दिए मिट्टी के, का मंचन अभिनेताओं ने अपने दमदार अभिनय से यादगार बनाया। होर्डिंग के चित्र के मंचन में संध्या दीप रस्तोगी और शुभम कुमार दूबे ने अभिनय किया। इसके अलावा शाम किनारे में भानु प्रकाश पाण्डेय, डॉ.राकेश कुमार, सुधा पाल, काव्या मिश्रा, अनुराग शिवा, सोम गांगुली और रचना टण्डन ने अभिनय किया जबकि अंतिम कहानी दिए मिट्टी के में डॉ.मालविका, ममता शुक्ला, काव्या मिश्रा, उन्नति और गोपाल सिन्हा ने अभिनऋय किया।
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