शिमला, अगस्त 6 -- हिमाचल प्रदेश में सरकारी जमीनों पर कब्जा करने वालों को तगड़ा झटका लगा है। मंगलवार को हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसले में हिमाचल प्रदेश लैंड रेवेन्यू एक्ट, 1954 की धारा 163-ए को असंवैधानिक करार देते हुए रद्द कर दिया। इस धारा के तहत सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जों को नियमित करने का प्रावधान था। अब सरकार को इन कब्जों को हटाने के लिए तेजी से कार्रवाई करने का आदेश दिया गया है।असंवैधानिक घोषित हुई धारा 163-ए हाईकोर्ट की डिवीजन बेंच, जिसमें जस्टिस विवेक ठाकुर और जस्टिस बिपिन चंदर नेगी शामिल थे, ने साफ कहा, "धारा 163-ए पूरी तरह से मनमानी और असंवैधानिक है।" इसके साथ ही इस धारा के तहत बनाए गए नियमों को भी रद्द कर दिया गया। कोर्ट ने इस प्रावधान को संविधान के अनुच्छेद 14 का उल्लंघन माना, जो कानून के समक्ष समानता की गारंटी द...
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