लखनऊ, दिसम्बर 4 -- हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने चुनाव आयोग से पूछा है कि प्रत्याशियों के नामांकन के समय फॉर्म- 26 पर सम्पत्ति की घोषणा करने के बाद क्या इसका कोई सत्यापन किया जाता है। यदि किया जाता है तो क्या अब तक किसी उम्मीदवार का हलफनामा असत्य पाया गया और उसके विरुद्ध क्या कार्रवाई की गई। न्यायालय ने इन सभी बिंदुओं को स्पष्ट करते हुए, प्रति शपथ पत्र दाखिल करने का आदेश चुनाव आयोग को दिया है। मामले की अगली सुनवाई जनवरी के तीसरे सप्ताह में होगी। यह आदेश न्यायमूर्ति राजन रॉय व न्यायमूर्ति राजीव भारती की खंडपीठ ने लोक प्रहरी संस्था की ओर से दाखिल जनहित याचिका पर दिया। याचिका में कहा गया है कि प्रत्याशियों की ओर से सम्पत्ति संबंधी घोषणा का सत्यापन आयकर विभाग करता है। उस सत्यापन रिपोर्ट को चुनाव आयोग को भेज दिया जाता है। कहा गया कि सुप्रीम कोर्ट क...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.