नई दिल्ली, दिसम्बर 20 -- बरसों पहले दक्षिण अफ्रीका के 'काला पानी' रॉबिन आइलैंड में नेल्सन मंडेला की कोठरी देखी थी। 7X9 के उस पिंजरेनुमा कमरे में छह फुटे मंडेला ने अपनी जवानी के 18 साल काटे थे। मटमैले अंधियारे की मारी इस निस्तेज कोठरी में वह प्रतिदिन कसरत के जरिये तन-मन को दुरुस्त रखने का प्रयास करते। अलग-अलग कारागारों में मंडेला कुल जमा 27 साल कैद रहे। इस बड़े अंतराल में दुनिया ने न जाने कितनी करवटें लीं, पर मंडेला इस आरोपित अकेलेपन में भी अपनी अलख को जस की तस जिलाए रखने में कामयाब रहे। आजकल वह बहुत याद आने लगे हैं। इसकी वजह उनका त्याग, संघर्ष और सिद्धांतों के प्रति समर्पण नहीं, बल्कि वह कोठरी है, जहां मंडेला सजा काटने के साथ खुद को चुस्त-दुरुस्त रखने की तपस्या कर रहे थे। दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में जहरीली हवा ने आजकल मुझ जैसे ...