किशनगंज, अगस्त 25 -- पोठिया, निज संवाददाता। हर साल लाखों करोड़ों रुपये बहने के बाद भी बाढ़ व कटाव का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। डोंक नदी हर साल खेतों में लहलहाती फसल सहित जमीन निगल रही है। पोठिया प्रखंड के अंतर्गत कई गांवों में डोंक नदी के कहर से प्रत्येक वर्ष बाढ़ की तेज धार से किसानो का लहलहाते खेत नदी के बीच धार में समा जाते है। सरोगारा पंचायत के मशानडांगी से बेलगाछी,बक्सा कोल्था,खरखरी,पडलाबाड़ी,धुमानिया तक डोंक नदी का कटाव अनवरत जारी है। दरअसल, यह नदी पश्चिम बंगाल से निकलती हुई पोठिया प्रखंड क्षेत्र के गोरूखाल पंचायत से बहाव शुरू होता है,जो गोरुखाल,मिर्जापुर,सारोगरा, नोकट्टा,कोल्था,छतरगाछ,पड़लाबाड़ी,जहांगीरपुर तथा रायपुर पंचायतों के दर्जनों गांव नदी के किनारे बसे हुए है। जिससे तकरीबन 50 हजार की आबादी प्रभावित है। इन आबादी को प्रत्ये...
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