गाज़ियाबाद, फरवरी 3 -- गाजियाबाद, संवाददाता। जिले के करीब 15 हजार मरीज निजी अस्पतालों में इलाज करा रहे हैं। हर साल 10 फीसदी मरीजों की कैंसर से मौत हो रही है। सरकारी स्तर पर कोई उपचार नहीं मिलने से मरीजों को दिल्ली और चैरिटेबल अस्पतालों की दौड़ लगानी पड़ रही है। जिले में सबसे ज्यादा मुंह, ब्रेस्ट और सर्विकल कैंसर के रोगी हैं। बदलती जीवन शैली की वजह से कैंसर तेजी से बढ़ रहा है। जनपद में हर साल कैंसर के मरीजों में बढ़ोतरी हो रही हैं। दुहाई स्थित श्री जगन्नाथ कैंसर चैरिटेबल अस्पताल के वरिष्ठ ओंकोलॉजिस्ट डॉ. ऋषि गुप्ता बताते हैं कि उनके अस्पताल में इस साल 3559 नए मरीज आए हैं। जबकि 2024 में यह आंकड़ा 2742 मरीजों का रहा। इनमें ब्रेस्ट कैंसर के सबसे ज्यादा मरीज हैं। दूसरे स्थान पर ओरल और थ्रॉट कैंसर और तीसरे नंबर पर लंग कैंसर के मामले हैं। डॉ. गु...