अंबेडकर नगर, अगस्त 7 -- अम्बेडकरनगर, संवाददाता। दलित युवक की हत्या कर साक्ष्य छिपाने के चर्चित मामलें में दोषी महिला को सत्र परीक्षण के दौरान गुरुवार को विशेष न्यायाधीश एससीएसटी एक्ट राम विलास सिंह ने आजीवन कारावास की सजा एवं 12 हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किया। वहीं साक्ष्य छिपाने में दोषी महिला के पति को न्यायाधीश ने तीन वर्ष के कारावास के साथ दो हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किया। मामला चार वर्ष पूर्व बसखारी थाना क्षेत्र का है। बसखारी थाना क्षेत्र के भिटौरा उत्तर निवासी दलित मनकूराम की 21 अक्तूबर 2020 की रात को उस समय हत्या कर दिया गया था जिस समय वह रामलीला/दुर्गा पूजा व पर्दे पर चल रहे रामायण को देखने के लिए गए थे। साक्ष्य को छिपाने के लिए कक्कू उर्फ दुर्गेश गौड़ के घर के पीछे खेत में फेंक दिया गया था। मनकूराम का शव 24 अक्तूबर को खेत में प...
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