हजारीबाग, अगस्त 12 -- एनएच-33 किनारे स्थित बभनवै पहाड़ कभी घने हरियाली और ठोस चट्टानों से भरा एक खूबसूरत प्राकृतिक धरोहर था। लेकिन पत्थर कारोबारियों की अंधी लूट ने इसकी जड़ों को इस कदर खोखला कर दिया कि अब पहाड़ का अस्तित्व ही खतरे में पड़ गया है। सोमवार को इसका खामियाज़ा भूस्खलन के रूप में सामने आया, जब अचानक सैकड़ों टन मिट्टी और पत्थर भरभराकर नीचे गिरे और पूरे इलाके में धूल का गुबार छा गया। स्थानीय लोगों के मुताबिक,वर्षों तक यहां अवैध खनन और पत्थर तोड़ने का सिलसिला चलता रहा। भारी मशीनों ने पहाड़ के निचले हिस्से को काटकर इसकी मजबूती छीन ली। जड़ कटने के कारण ऊपर का भार संभालना अब पहाड़ के लिए मुश्किल हो गया है। यही वजह है कि बरसात या हल्की सी हलचल में भी मिट्टी और पत्थर नीचे गिरने लगे हैं। बभनवै पहाड़ सिर्फ प्राकृतिक सौंदर्य ही नहीं,बल्कि ...
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