कन्नौज, जुलाई 21 -- छिबरामऊ, संवाददाता। स्वच्छ भारत मिशन के तहत स्वच्छता के लिए तमाम प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन नगरपालिका परिषद स्वच्छता के मामले में लगातार पिछड़ रही है। लाखों रुपये खर्च करने के बावजूद प्रदेश की स्वच्छता रैंकिंग में वह अब्बल नहीं रह सकी। इस स्थिति ने न केवल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि स्थानीय निवासियों में भी निराशा का माहौल पैदा किया है। नगर पालिका ने स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएं और कार्यक्रम शुरू किए थे। इनमें स्वच्छता के नन्हें सिपाही अभियान के तहत बच्चों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करना, नगर सेवा ऐप के जरिए कचरा प्रबंधन को डिजिटल बनाने की कोशिश, वृक्ष लगाओ पुरस्कार पाओ जैसे प्रोत्साहन कार्यक्रम, और नगर मित्र योजना के तहत सफाई कर्मियों को प्रेरित करना शामिल था। इसके अलावा, पालिका...
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