पूर्णिया, फरवरी 22 -- हरदा, एक संवाददाता। केनगर प्रखंड अंतर्गत प्राथमिक विद्यालय शास्त्री टोला रहुआ को स्थापना के 12 वर्ष बाद भी अपनी जमीन उपलब्ध नहीं हो सकी है। जमीन के अभाव में विद्यालय का संचालन अस्थायी व्यवस्था में हो रहा है जिससे शिक्षकों और बच्चों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। विद्यालय के प्रधान शिक्षक विकास कुमार ने बताया कि वर्ष 2014 में विद्यालय की स्थापना हुई थी, लेकिन अब तक भवन निर्माण के लिए भूमि उपलब्ध नहीं कराई जा सकी है। उन्होंने कहा कि जमीन नहीं होने के कारण पढ़ाई की व्यवस्था प्रभावित होती है और छात्रों को मूलभूत सुविधाएं भी नहीं मिल पा रही हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि रहुआ और जोतलखाय मौजा में बिहार सरकार की दर्जनों एकड़ जमीन उपलब्ध है। इसके बावजूद विद्यालय के लिए भूमि चिन्हित नहीं की जा रही है। ग्रामीणों...