गढ़वा, जुलाई 24 -- गढ़वा, संवाददाता। जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने एक महत्वपूर्ण मामले में सुनवाई करते हुए जिलांतर्गत मेराल स्थित स्टेट बैंक के शाखा प्रबंधक को 45 दिनों के अंदर पीड़ित को 2.50 लाख रुपये भुगतान का आदेश दिया है। निर्धारित समय में भुगतान नहीं करने या त्रुटि होने पर नौ प्रतिशत वार्षिक ब्याज के साथ देय होगा। यह फैसला आयोग के अध्यक्ष ओम प्रकाश पांडेय और सदस्य एकबाला कुमारी ने मामले में संयुक्त रूप से सुनाया है। मामले में मेराल थानांतर्गत अरंगी गांव निवासी स्व हृदयानंद प्रसाद बिंद की पत्नी कुसुम देवी ने आयोग में शिकायत दर्ज कराई थी। पीड़िता ने आरोप लगाया था कि उसके पति ने बैंक में बचत खाता खोला था। बैंक की ओर से उसके खाते से एलआइसी का जीवन बीमा का पहला किस्त के तौर पर 100 रुपये काट लिए। बीमा अवधि 21 मार्च 2013 से 20 मार्च 201...
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