नई दिल्ली, अगस्त 12 -- कृष्ण का अर्थ है, जो आकर्षित करता है, इसलिए सारी सृष्टि ही कृष्ण की ओर आकर्षित होती है। सृष्टि के सभी रूप कृष्ण में समाए हुए हैं, क्योंकि कृष्ण सोलह कलाओं से युक्त पूर्ण पुरुष हैं। जीव और ईश्वर दोनों ही रूपों में ये हमारे साथ हैं। यह बोध होते ही ज्ञान होने लगता है कि सारी सृष्टि ही कृष्णमय है। कृष्ण के नाम का अर्थ है- चैतन्य। कृष्ण का मतलब है, जो आकर्षित करता है। कृष्ण का अर्थ है- चुंबकीय शक्ति रखनेवाला। प्यारे मनमोहन श्रीकृष्ण को जो कोई एक बार देख ले, तो फिर वह बस उन्हीं का हो जाता है। फिर वह उन्हें कभी छोड़ नहीं सकता।सारी सृष्टि ही कृष्णमय वेदांत कहता है कि ब्रह्म इस सृष्टि का अभिन्न, निमित्त, उपादान कारण है, जैसे मिट्टी घड़े का उपादान कारण है। निमित्त मतलब, जैसे घड़ा बनाने के लिए लगने वाले साधन- कुम्हार, चक्का, डंडा...
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