अलीगढ़, जनवरी 20 -- अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। कश्मीर को धरती का स्वर्ग कहा जाता है। वहां की खूबसूरत वादियां और संस्कृति हर किसी को अपनी तरफ आकर्षित करती है। कश्मीर का काहवा से लेकर वहां की कई चीजें दुनियाभर में मशहूर हैं। इसी में से एक है पश्मीना शॉल। अलीगढ़ नुमाइश में पश्मीना शॉल से लेकर कश्मीर के परंपरागत परिधान कश्मीरी दुकानदार पीढ़ी दर पीढ़ी बेचते आ रहे हैं। अधिकतम ढाई लाख रूपए तक की इस शॉल की एक खासियत यह भी है कि यह आपकी अंगूठी तक में से पार हो जाएगी। अलीगढ़ नुमाइश में करीब 25 से 30 कश्मीरी दुकानें लगती हैं। जहां कश्मीरी पहनावे से लेकर वहां का खानपान तक उपलब्ध हो जाएगा। कश्मीरी दुकानदार गौहर मजीद बताते हैं कि वह तीसरी पीढ़ी के रूप में यहां आ रहे हैं। दादा गुलाम मोहम्मद ने 1970 में नुमाइश में आना शुरू किया था। वह बताते हैं कि पश्मीना...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.