नई दिल्ली, मई 28 -- नई दिल्ली, हिन्दुस्तान ब्यूरो। नोएडा में बोतलबंद पानी तैयार करने वाली फैक्ट्रियों पर छापा पड़ा है। यहां एक प्रसिद्ध ब्रांड से मिलते-जुलते नाम से पानी की बोतलें तैयार की जा रहीं थी। इस घटना ने एक बार फिर बोतलबंद पानी की गुणवत्ता पर सवाल खड़े किए हैं। चिंता की बात सिर्फ फर्जी ब्रांड तक सीमित नहीं है बल्कि प्रसिद्ध ब्रांड का बोतलबंद पानी भी पूरी तरह सुरक्षित नहीं है। हाल ही में हुए एक अंतरराष्ट्रीय शोध और भारत सरकार की जांच रिपोर्ट में ये जानकारी सामने आई है। बोतलबंद पानी में प्लास्टिक के कण तक पाए गए हैं। पिछले साल दिसंबर में भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण ने बोतलबंद और मिनरल वॉटर को 'हाई-रिस्क फूड कैटेगरी में डाल दिया था। अध्ययन में चौंकाने वाले नतीजे 1. गुणवत्ता मानकों पर खरा नहीं उतरा पानी स्वास्थ्य और परिवार...
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