कैलाश नेगी, नवम्बर 20 -- उत्तराखंड के नैनीताल जिले में अनोखा मामला सामने आया है। यहां धारी गांव (बेतालघाट) में तीन सगे भाइयों की जिंदगी सूरज की रोशनी पर चलती है। शाम ढलते ही इनकी आंखें देखना बंद कर देती हैं और अंधेरा इनका सबसे बड़ा दुश्मन बन जाता है। इतना ही नहीं इनके हाथ-पैरों में 13-13 अंगुलियां हैं। इस दुर्लभ आनुवंशिक बीमारी का नाम 'लॉरेंस मून बेडिल सिंड्रोम' है। इन भाइयों की परेशानियां यहीं खत्म नहीं होतीं। हाथ-पैरों में अतिरिक्त उंगलियां, तेज भूख जीवन को कठिन बना रही है। 34 वर्षीय बालम जंतवाल, 29 वर्षीय गौरव और 25 वर्षीय कपिल की शाम ढलते आंखों की रोशनी चली जाती है। यह भी पढ़ें- नो वर्क नो पे, हड़ताल पर प्रतिबंध; उत्तराखंड में सरकार की सख्ती की क्या वजह यह भी पढ़ें- दिल्ली धमाके का उत्तराखंड कनेक्शन! उमर नबी के संपर्क में था देहरादून ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.