बांका, जून 12 -- धोरैया(बांका), संवाद सूत्र। चिलचिलाती धुप व उमस भरी गर्मी काफ़ी तेज हो गयी है और इसका असर आम जनमानस क़े साथ साथ पशु पक्षी पर भी बेतहासा असर दिखने लगा है।नदी, नाला, कुएं का जलस्तर सूखने क़े साथ ही हेंड पम्प ने भी दम तोडना शुरू कर दिया है। जिस कारण किसान, पशु-पक्षी भी इस चिलचिलाती धुप में पानी पीने क़े लिए भटकते दिखाई दे रहे है। वही प्रखंड क़े लाइफ़ लाईन कही जाने वाली वाली गेरूआ व गहीरा नदी पूरी तरह से सुख चूक है। अगर इस प्रकार गर्मी रही, तो आने वाले दिनों में आमलोगो को घोर समस्या का सामना करना पड़ सकता है। वही नदी, तलाब, बांध क़े सूखने से सबसे ज्यादा परेशानी पशु-पक्षियों को है।क्योंकि नदी-बांधो व तलाब के सहारे ही पशु-पक्षी अपनी प्यास बुझाते है। वही नदी किनारे बसे गांव के लोगों को भी संकट झेलनी पड़ सकती है कारण की नदी क़े सुख जाने स...
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