अररिया, फरवरी 12 -- फारबिसगंज, निज संवाददाता। रेणु वन क्षेत्र और आसपास के इलाकों में नील गायों की बढ़ती संख्या ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। रेणु गेट से लेकर बारा हलहलिया तक वन से लगे खेतों में इन दिनों बड़े पैमाने पर मक्का की खेती की जा रही है, लेकिन रात के अंधेरे में नीलगायों के झुंड फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रहे हैं। हालत यह है कि किसानों को रातभर जागकर खेतों की रखवाली करनी पड़ रही है। वे टिन पीटकर और डुगडुगी बजाकर नीलगायों को भगाने का प्रयास कर रहे हैं। मक्का किसान शंकर मंडल, शिवनारायण मंडल, देवानंद दास, राजेंद्र दास, जोगानंद दास, विनोद मंडल और प्रमोद मंडल सहित अन्य किसानों का कहना है कि खाद और बीज की बढ़ती महंगाई के बीच मक्का की खेती में काफी खर्च आता है। बड़ी मेहनत से तैयार की गई फसल नीलगायों के कारण बर्बाद हो रही है, जिससे वे आर्थिक ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.