कोडरमा, फरवरी 11 -- कोडरमा। कोडरमा स्टेशन के आगे मंदिर के पास सिन्हा जी का होटल है। अगर चुनाव की जानकारी कम पड़ रही है तो शाम में यहां चले जाएं। मानों यह होटल नहीं रायचंद लोगों का चबूतरा हो। हर कोई अपनी-अपनी राय इस कदर फेंट रहा है कि होटल की भट्टी से ज्यादा गरम चुनावी बहस हो रहा है। चुनाव को लेकर शाम में यह इलाका "थिंक टैंक" में तब्दील हो जा रहा है। निकाय चुनाव पर चर्चा ऐसे चलती है मानो झुमरीतिलैया नगर परिषद की जनता ने हार-जीत के फैसले का ठेका कुछ रायचंद साहब को दे रखा हो। होटल की टेबल पर बैठे हर शख्स सामने चिकन चिल्ली को कांटा वाले चम्मच से उठाते हुए अपने-अपने प्रत्याशी का ऐसा बखान कर रहा था जैसे जीत का सर्टिफिकेट जेब में लेकर घूम रहे हों। कोई कह रहा था, "भइया के इस बार तो लहर ही लहर है।" तो दूसरा तुरंत जवाब देता, "लहर नहीं, सुनामी है!" ...