नई दिल्ली, नवम्बर 17 -- सर्वाइकल कैंसर, आज भी भारतीय महिलाओं के लिए एक गंभीर स्वास्थ्य चुनौती बना हुआ है। भारत में हर सात मिनट में इस बीमारी के कारण एक महिला की मौत हो जाती है । हर साल हजारों महिलाएं इस बीमारी का सामना करती हैं, जबकि सच यह है कि सर्वाइकल कैंसर के खतरे को समय पर जांच और रोकथाम के उपायों को अपनाकर 100 प्रतिशत तक रोका जा सकता है। कई महिलाएं यह मानकर चलती हैं कि उन्हें कोई लक्षण नहीं है, इसलिए जांच की जरूरत भी नहीं समझती हैं। लेकिन यह बीमारी शुरुआती चरण में लगभग बिना लक्षण के बनी रहती है, यही कारण है कि नियमित टेस्ट कराना जीवन-रक्षक साबित होता है। इसी सतर्कता और सजगता को बढ़ाने के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन दुनियाभर में 17 नवंबर को विश्व सर्वाइकल कैंसर उन्मूलन दिवस 2025 मनाता है। नियमित जांच और शुरुआती चरण में इसकी पहचान कर हम ...