एटा, नवम्बर 7 -- शहर की सड़कों, गलियों और प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर निराश्रित गोवंश और कुत्तों का बेरोकटोक घूमना एक गंभीर समस्या बन चुका हैं। इसने न सिर्फ यातायात को बाधित हो रहा है, बल्कि आए दिन होने वाले हादसों और विभिन्न प्रकार की दिक्कतों के कारण एक विकराल रूप ले लिया है। चिंताजनक है कि इस प्रकार की गंभीर स्थिति बनी होने के बाद भी संबंधित विभागों और पालिका स्तर से कोई ठोस और प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। शहर के मुख्य मार्ग, राजमार्ग, बाजार, रेलवे अंडरपास और व्यस्त तिराहे-चौराहों के अलावा कूड़ेघर निराश्रित गोवंशों के स्थाई ठिकाने बन गए हैं। यह पशु अधिकांश समय सड़कों के बीच में या किनारे झुंड बनाकर बैठे रहते हैं। खासकर रात के अंधेरे में यह सड़क दुर्घटनाओं का प्रमुख कारण बन रहे हैं। तेज रफ्तार वाहनों के अचानक इनके सामने आ जाने से आए...
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