समस्तीपुर, अगस्त 1 -- सरायरंजन। भारत और भारतीयता के गौरव शिखर थे गोस्वामी तुलसीदास व प्रेमचंद। उक्त बातें के एस आर महाविद्यालय सरायरंजन में आयोजित गोस्वामी तुलसीदास एवं प्रेमचंद जयंती समारोह को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहीं। वक्ताओं ने कहा कि यदि आज भी भारत के युवा और युवती दशरथ और कौशल्या बन जायें तो आज भी घर घर में राम और कृष्ण का अवतार हो सकता है। रामचरितमानस को भारत की आत्मा बताया। जब तक न्यायालय में पति पत्नी के तलाक का मामला और भाईयों के बीच मुकदमे बाजी चलती रहेगी तथा देश में रिश्वत खोरी और भ्रष्टाचार व्याप्त रहेगा तब तक गोस्वामी तुलसीदास और प्रेमचंद प्रासंगिक बने रहेंगे। समारोह की अध्यक्षता प्राचार्य डॉ. विपिन कुमार झा ने किया। संचालन प्रो. शेखर प्रसाद चौधरी एवं प्रो. हरे कृष्ण चौधरी ने किया। इसके पूर्व प्राचार्य डॉ. विपिन कुमार...
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