जहानाबाद, फरवरी 9 -- अरवल, निज संवाददाता। अखिल भारतीय किसान महासभा ने सोमवार को 14 सूत्री मांगों को लेकर प्रखंड सह अंचल कार्यालय के समक्ष धरना दिया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि देश के किसानों की कमर तोड़ने वाला अमेरिका के साथ कृषि समझौता वापस ले। भारत का किसान देश की अर्थव्यवस्था का एक अंग है जो आजादी के बाद से कृषि क्षेत्र पर निर्भर है। लेकिन 2014 के बाद नरेन्द्र मोदी की सरकार ने किसानों की कमर की रीड तोड़ दी। जिससे देश में आर्थिक संकट आने की संभावना है। वक्ताओं ने कहा कि भारत की आबादी की 80 प्रतिशत लोग कृषि क्षेत्र से देश को मजबूत किए हैं। लेकिन वर्तमान केन्द्र की सरकार किसानों के ऊपर जुल्म कर रही है। जिससे किसान आत्महत्या कर रहे हैं या खेती छोड़कर भाग रहे हैं। अमेरिका से समझौता कर किसानों को गुलाम बनाने की पूरी साजिश भाजपा आरएसएस की सरकार ...