मथुरा, नवम्बर 7 -- मथुरा। बागेश्वर पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री की दिल्ली से वृंदावन आ रही पदयात्रा का कुछ संत एवं संगठनों ने गैर-सनातनी व्यक्तियों के प्रवेश पर विरोध जताया है। इस पर श्री वामन भगवान महोत्सव समिति ने सख्त आपत्ति जताई है। संस्थापक श्याम शर्मा ने कहा कि सनातन धर्म का मूल सिद्धांत वसुधैव कुटुम्बकम् है, जो पूरी मानवता को एक परिवार मानता है। इसमें किसी के लिए द्वार बंद नहीं, बल्कि श्रद्धा एवं आस्था से जुड़ने वालों का स्वागत है। ब्रजभूमि प्रेम, करुणा एवं समरसता की भूमि है, यहां श्रीकृष्ण ने सबको अपनाने का संदेश दिया था। किसी समुदाय या व्यक्ति को उसकी जन्मभूमि या पंथ के आधार पर यात्रा से अलग रखना ब्रज की आत्मा के विपरीत है। यह पदयात्रा समाज को जोड़ने वाली है। इसमें भेदभाव या विभाजन की बात करने वाले सनातन धर्म की व्यापकता को संकीर...
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