नई दिल्ली, सितम्बर 20 -- प्रभात कुमार नई दिल्ली। देश की सत्ता और नीति निर्माण में युवाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए संसद की स्थाई समिति ने सरकार से चुनाव लड़ने की उम्र को कम करने के लिए अपने फैसले पर पुनर्विचार करने के लिए कहा है। समिति ने केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्रालय से इसके लिए व्यापक परामर्श प्रक्रिया शुरू और चुनाव लड़ने की उम्र 21 साल करने पर विचार करने को कहा है। यदि लोकसभा और विधानसभा में चुनाव लड़ने की उम्र 21 साल की जाती है तो देश में करीब 8 करोड़ अतिरिक्त युवा चुनाव लड़ने के योग्य हो जाएंगे। फिलहाल देश में चुनाव लड़ने की उम्र 25 साल है। भाजपा सासंद बृज लाल की अगुवाई वाली संसद की स्थाई समिति ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि 'विकसित हो रहे लोकतांत्रिक रुझानों और अंतर्राष्ट्रीय प्रथाओं को ध्यान में रखते हुए जो शासन में युवाओं की भाग...
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