मुजफ्फरपुर, सितम्बर 6 -- मुजफ्फरपुर, वरीय संवाददाता। ग्रामीण सड़कों की सेहत दुरुस्त रखने के लिए ग्रामीण कार्य विभाग ने कवायद शुरू कर दी है। विभागीय इंजीनियरों को टास्क दिया है। हर माह ग्रामीण कार्य विभाग के इंजीनियरों को अपने क्षेत्राधिकार की 20 सड़कें व पुल-पुलियों की सेहत की जानकारी विभाग को देनी होगी। इसकी मॉनिटरिंग का जिम्मा जिले के कार्यपालय अभियंताओं को दिया गया है। इसमें कोताही करने पर इंजीनियरों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई होगी। दंडित भी किया जाएगा। ग्रामीण कार्य विभाग को जर्जर सड़क की लगातार शिकायत मिल रही थी। लोगों की शिकायत यह भी थी कि सड़क तो बनी, लेकिन छह माह के अंदर टूटने भी लगी। अधिकांश नवनिर्मित सड़कों के टूटने के बाद मरम्मती भी संवेदकों की ओर से नहीं कराये जाने की शिकायत मिल रही थी। इसके बाद विभाग के अपर मुख्य सचिप दीपक कुम...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.