प्रयागराज, फरवरी 18 -- प्रयागराज, कार्यालय संवाददाता। सीएमपी डिग्री कॉलेज के हीरक जयंती वर्ष के अवसर पर भारतीय ज्ञान परंपरा : अवसर एवं संभावनाएं विषय पर मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन किया गया। मुख्य अतिथि वासुदेवानंद सरस्वती नें कहा कि हमें अपनी परंपराओं से जुड़े रखकर ही हर क्षेत्र में आगे बढ़ने की जरूरत है। संस्कृत से ही संस्कृति बचेगी। कॉलेज इसमें बड़ी भूमिका निभा सकता है। विशिष्ट अतिथि के रूप में बीएचयू के प्रो.अंचल श्रीवास्तव रहे। अध्यक्षता कर रहे शासी निकाय के अध्यक्ष डॉ. सुशील सिन्हा नें कहा कि भारतीय जीवन मूल्य में वसुधैव कुटुम्बकम की भावना निहित है। हमारी संस्कृति में सबका सम्मान है, हम लोग प्रकृति के पुजारी हैं। प्रो. जनार्दन कुमार ने जीवन की पंच तत्वों की वैज्ञानिक व्याख्या प्रस्तुत करते हुए रामायण में वर्णित पंच तत्व...
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