अयोध्या, दिसम्बर 13 -- बीकापुर। बीकापुर कस्बा के मलेथू कनक मोड़ के निकट आयोजित सात दिवसीय सामूहिक संगीतमय श्रीराम कथा के दूसरे दिन कथा वाचिका आराधना शास्त्री द्वारा श्रीराम कथा के दौरान बताया कि ईश्वर की कृपा और भक्ति प्राप्त करने के लिए हृदय और मन से ईश्वर का ध्यान करना चाहिए। दिखावा और मां के चंचलता भक्ति मार्ग में बाधक बनती है। निन्दापूर्ण आलोचनाओं से डरकर कभी भी भक्ति मार्ग और अपने लक्ष्य से विचलित नही होना चाहिए। अशांत मन को शांत करने के लिए ईश्वर की भक्ति ही एक मात्र उपाय है। भगवान और भक्त का रिश्ता तथा प्रेम अनूठा होता है। भगवान खुद भक्त के बस में होते हैं सच्ची लगन से बस उन्हें साधने की जरूरत होती हैं। कथा के दौरान बंटी सिंह, चंद्रप्रकाश सोनी, राजेश मोदनवाल, सुनील तिवारी, अनिरुद्ध तिवारी, लाल जी शर्मा, धीरेंद्र पांडेय, मनोज पांडे,...