लखीसराय, अगस्त 7 -- चानन के सरकारी स्कूलों में माध्यमिक शिक्षा अधोगति में जा पहुंचा है। माध्यमिक शिक्षा उपेक्षित संसाधन , आधारभूत संरचना, मर्यादित भवन के कारण बदहाल बना हुआ है। ऐसा ही उदाहरण प्लस टू हाई स्कूल भंडार का है। यहां उच्च विद्यालय के भवन अच्छे है। छात्राओं की पर्याप्त संख्या बल भी है, उन्हें बैठने हेतु बेंच-डेस्क भी है। लेकिन विषयबार शिक्षक नहीं रहने से शिक्षा का दम घुटने लगा है। कला के शिक्षक विज्ञान पढ़ा रहे है और विज्ञान के शिक्षक इतिहास, भूगोल के साथ संस्कृत बांच रहे है। स्कूल की प्रयोगशाला धूल फांक रही है, और विज्ञान में रूची रखने वाले छात्र टपला खा रहे है। हाई स्कूल में 369 छात्र-छात्राओं को पढ़ाने के लिए पर्याप्त शिक्षक-शिक्षिका मौजूद है, वहीं प्लस टू में शिक्षकों की कमी अब भी जारी है। यहां भी कला में 40 तो साइंस में 40 छात...
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