वाराणसी, दिसम्बर 18 -- वाराणसी, वरिष्ठ संवाददाता। संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय में बुधवार को 24 देशों के 40 से ज्यादा शिक्षकों ने शिक्षण पद्धतियों को जाना। बीएचयू के आईयूसीटीई में आयोजित सप्ताहव्यापी कार्यशाला में यह शिक्षक शामिल हुए हैं। विश्वविद्यालय के श्रमण विद्या संकाय और ऑनलाइन संस्कृत प्रशिक्षण केंद्र में निदेशक प्रो. रमेश प्रसाद ने कंबोडिया, श्रीलंका, म्यांमार, जांबिया, मोरक्को, कज़ाखिस्तान, केन्या, उज़बेकिस्तान, रूस, घाना, ज़िंबाब्वे आदि देशों से आए शिक्षकों का स्वागत किया। प्रो. रमेश प्रसाद ने शिक्षकों को विश्वविद्यालय के इतिहास और भारतीय ज्ञान परंपरा में योगदान के बारे में बताया। उन्होंने सरस्वती भवन पुस्तकालय में संरक्षित एक लाख से अधिक पांडुलिपियों, खगोलिय अध्ययन के लिए वेधशाला और सम्राट अशोक के स्तंभ साथ 22 विभागों और य...