संभल, अप्रैल 6 -- जनपद की बेटियां किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं। खासकर खेल के मैदान में उन्होंने अपनी मेहनत, प्रतिभा और दृढ़ संकल्प से राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर जनपद का नाम रोशन किया है। ग्रामीण परिवेश से निकलकर इन बेटियों ने यह साबित कर दिया है कि अगर संकल्प हो तो कोई बाधा रास्ता नहीं रोक सकती। मुस्लिम बेटी तराना जहां भी राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं। यह सिर्फ उनके परिवारों की जागरूकता और सहयोग का ही नहीं, बल्कि समाज में बदलती सोच और बेटियों को अवसर देने की सकारात्मक दिशा का प्रमाण है। ये बेटियां आने वाली पीढ़ी की प्रेरणा हैं। तराना जहां ने खेल के मैदान पर रचा इतिहास भारतल सिरसी गांव निवासी मुस्लिम युवती तराना जहां ने खेल जगत में एक नई मिसाल कायम की है। मुस्लिम होने के बाद भी उनके परिवार ...
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