मुजफ्फरपुर, फरवरी 22 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। संदिग्ध स्थिति में मौत के मामलों में यूडी केस के बाद विसरा की एफएसएल रिपोर्ट के इंतजार में डेढ़ दर्जन से अधिक मौत में पुलिस की कार्रवाई लंबित चल रही है। विसरा रिपोर्ट मिलने के बाद ही स्पस्ट होगा कि मौत का असल कारण क्या था? विसरा सुरक्षित कराने के बाद पुलिस उसे पोस्टमार्टम हाउस से रिसीव कर जांच के लिए एफएसएल भेजती है। ब्रह्मपुरा के इमलीचट्टी स्थित एक होटल में अक्टूबर 2024 में सरिया सेटरिंग करने वाले ठेकेदार पूर्वी चंपारण के राजेपुर निवासी अवध नारायण भगत की संदिग्ध स्थिति में मौत हो गई थी। प्रारंभिक स्तर पर माना गया था कि बीमारी के कारण ठेकेदार की मौत हो गई थी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए एसकेएमसीएच भेजा। यहां पोस्टमार्टम के बाद विसरा सुरक्षित कराई गई थी। दो साल बीतने के बाद भी अब ...